ज़िला कुल्लू में सघन डायरिया और न्यूमोनिया नियंत्रण पखवाड़े का आयोजन क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रणजीत ठाकुर की अध्यक्षता में किया गया। यह पखवाड़ा 30 मार्च तक चलेगा, जिसमें छोटे बच्चों के स्वास्थ्य को लेकर विशेष अभियान चलाया जा रहा है।
वॉयस ओवर:
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रणजीत ठाकुर ने बताया कि इस पखवाड़े के दौरान आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर 0 से 5 वर्ष तक के बच्चों को ORS के दो पैकेट और 14 दिनों के लिए जिंक की दवा वितरित करेंगी। उन्होंने बताया कि 0 से 6 महीने तक के बच्चों को जिंक की आधी गोली दी जाएगी, जबकि 6 महीने से 5 वर्ष तक के बच्चों को पूरी गोली दी जाएगी।
उन्होंने जानकारी दी कि ज़िला कुल्लू में कुल 3086 गांव हैं, जिनमें 25,844 घर और 29,142 बच्चे 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के हैं। यह अभियान विशेष रूप से इसी आयु वर्ग के बच्चों को ध्यान में रखकर चलाया जा रहा है, क्योंकि इस उम्र में डायरिया और न्यूमोनिया का खतरा अधिक रहता है।
इस दौरान आशा कार्यकर्ताओं द्वारा लोगों को स्वच्छता, हाथ धोने के सही तरीकों और बच्चों के पोषण के बारे में भी जागरूक किया जाएगा, ताकि इन बीमारियों की रोकथाम की जा सके।
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे इस अभियान में सहयोग करें और अपने बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य के लिए दी जा रही सुविधाओं का लाभ उठाएं।
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कुल्लू में डायरिया-न्यूमोनिया नियंत्रण पखवाड़ा शुरू, 0-5 वर्ष के बच्चों पर विशेष फोकस
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