दैनिक जागो वर्ल्ड !मुजफ्फरनगर

मुजफ्फरनगर में 2013 के सांप्रदायिक दंगे को लेकर पोस्टर लगाने का मामला सामने आया है। इ्नमें सपा प्रमुख अखिलेश यादव की तस्वीर भी थी। पुलिस ने तत्काल इन्हें हटवा दिया।एसएसपी आवास के मार्ग पर रोडवेज के सामने सांप्रदायिक दंगे की याद दिलाने को लेकर कई पोस्टर लगा दिए गए। जिन्हें देखकर लोग दंग रह गए। इसको लेकर पुलिस प्रशासन में भी अफरातफरी मच गई।राष्ट्रीय भारतीय हिंदू शक्ति दल के राष्ट्रीय महामंत्री अरूण प्रताप सिंह ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है। जनपद का सामाजिक सौहार्द महत्वपूर्ण है। यह कृत्य सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास है। इस मामले की पुलिस मामले की जांच कराई जाए।

जनपद में 27 अगस्त 2013 को जानसठ के गांव कवाल में शाहनवाज हत्याकांड के बाद ममेरे भाइयों सचिन और गौरव की हत्या के बाद जनपद में दंगे की चिंगारी सुलग उठी थी। सात सितंबर को महापंचायत से लौट रहे लोगों पर हमले किए गए। इसके बाद जनपद दंगे की आग में जल उठा। दंगे के दौरान 65 लोगों को जान गंवानी पड़ी थी, जबकि 50 हजार से अधिक लोग अपने गांव, बस्ती से पयालन कर शरणार्थी शिविर में रहने को विवश हो गए थे।
