कुल्लू-प्रिया शर्मा

द आर्ट ऑफ लिविंग संस्था के संस्थापक श्री श्री रविशंकर द्वारा सोमनाथ मंदिर में प्राचीन खंडित शिवलिंग की पुनर्स्थापना की पहल के तहत आयोजित ज्योतिर्लिंग यात्रा हिमाचल प्रदेश के विभिन्न जिलों से होते हुए कुल्लू पहुंची। इस ऐतिहासिक यात्रा के अंतर्गत पवित्र अवशेषों को देशभर में ले जाया जा रहा है, ताकि श्रद्धालु इनके दर्शन कर सकें।
इसी कड़ी में कुल्लू में कला केंद्र में 6 अप्रैल सायं 4 बजे विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान रुद्र पूजा और महा सत्संग का आयोजन किया गया, जिसमें भक्तों ने भगवान शिव की आराधना कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
कुल्लू कोऑर्डिनेटर सरिता शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि पहली बार प्रदेश के विभिन्न जिलों के साथ कुल्लू में भी सोमनाथ ज्योतिर्लिंग यात्रा पहुंची है, जिससे लोगों को दिव्य दर्शन का अवसर मिला है।
उन्होंने बताया कि प्राचीन हिंदू धर्मग्रंथों के अनुसार सोमनाथ मंदिर को बारह ज्योतिर्लिंगों में पहला और अत्यंत पवित्र माना जाता है। मान्यता है कि इसका निर्माण सत्ययुग में चंद्रदेव सोम ने कराया था।
श्रद्धालुओं ने इस पावन अवसर पर अपने परिवार सहित भाग लेकर भगवान शिव के दिव्य दर्शन किए और आध्यात्मिक वातावरण का अनुभव किया।
कुल मिलाकर, इस ज्योतिर्लिंग यात्रा ने कुल्लू में धार्मिक आस्था और आध्यात्मिक चेतना का माहौल बना दिया।


