नपुंसक और कायर तथा स्वार्थी समाज की बच्चियों का भविष्य जिहादियों के हाथों बर्बाद होना तय है

जागो!अंब/ऊना
आज भारत की न्याय व्यवस्था इतनी लाचार हो गई है कि भारत की बच्चियां इस्लामिक जिहादियों का शिकार हो रही है और लचर न्याय व्यवस्था के कारण बच्चियों को न्याय नहीं मिल रहा।
आज ऊना में अखिल भारतीय संत परिषद के हिमाचल प्रदेश, पंजाब और हरियाणा के प्रभारी तथा महामंडलेश्वर यति नरसिंहानंद गिरी महाराज जी के परम शिष्य यति सत्यदेवानंद सरस्वती महाराज जी ने प्रेस वार्ता करके अपनी आपति दर्ज करवाई है।
उन्होंने कहा कि ऊना के अंब तहसील में 5 अप्रैल 2022 में एक बहु चर्चित नाबालिक 10 की छात्रा हिंदू बच्ची की एक मुस्लिम युवक द्वारा हिंदुओं की नवरात्रि और मुस्लिम के रमजान के दिन में दुराचार की कोशिश के बाद कामयाब न होने के कारण कलमा पढ़ कर बच्ची को जिव्हा (हलाल) कर दिया था।

जिस केस को पुलिस प्रशासन ने परिश्रम करके सुलझाया था। उस मुस्लिम युवक को दोषी करार दिया गया था। परन्तु देश की लचर न्याय व्यवस्था के कारण दोष साबित होने के बाद भी बच्ची को न्याय नहीं मिला। यह देश और समाज के लिए बहुत बड़ा खतरा है। इससे इन इस्लामिक जिहादियों तथा गलत करने बालों के मन से भय समाप्त होगा और यहां गुनाह और बढ़ेगा।

उन्होंने आगे कहा कि वैसे अगर धर्म की बात करें तो धर्म की यही कहता है कि नपुंसक और कायर तथा स्वार्थी समाज की बच्चियों का यही भविष्य है कि जिहादियों के हाथों बर्बाद हो और न्याय भी न मिले।
उन्होंने समाज से भी कहा कि अपने पुरुषार्थ को जगाये और बच्चियों के न्याय की आस भारत न्यायपालिका के भरोसे मत बैठे बच्चियां आपकी है और इनका बदला लेने की जिम्मेदारी भी आपकी है।
इस वक्त उनके साथ ब्रह्मचारी श्याम चेतन जी उपस्थित रहे।

