Monday, September 7, 2026
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बिहार-यूपी सीमा पर भूसा समझकर छोड़ती रही पुलिस, शराब लेकर रोज सीमा पार कर रहे थे तस्कर

दैनिक जागो वर्ल्ड बिहार-यूपी

बिहार-यूपी सीमा पर भूसे से लदी ट्रैक्टर-ट्रॉली में शराब तस्करी का खुलासा हुआ है। पुलिस की आंखों में धूल झोंककर एक महीने से चल रही इस गतिविधि में 456 लीटर बीयर जब्त की गई।

पशुपालन में लगातार आई कमी के कारण भूसे की मांग घटने का फायदा उठाकर शराब तस्करों ने ऐसा तरीका अपनाया, जिसने पुलिस को भी चौंका दिया।चौतरवा से भूसा लादकर प्रतिदिन उत्तर प्रदेश जाने वाला एक ट्रैक्टर-ट्रॉली का चालक पिछले करीब एक महीने से शराब की तस्करी कर रहा था। हैरत की बात यह है कि यह वाहन बिहार और यूपी की सीमा से गुजरते हुए कई थाना क्षेत्रों से रोजाना निकलता रहा, लेकिन किसी को इसकी भनक तक नहीं लगी।जानकारी के अनुसार ट्रैक्टर-ट्रॉली चौतरवा से भूसा लेकर बांसी, मदनपुर, पनियहवा होते हुए पडरौना तक जाता था। रास्ते में चौतरवा, नदी, धनहा, नौरंगिया और पठखौली थाना क्षेत्रों से गुजरने के दौरान जब भी पुलिस की गश्ती टीम या वाहन जांच में इसे रोका जाता, चालक से सिर्फ इतना पूछा जाता कि ट्रॉली में क्या लदा है।

चालक हर बार यही जवाब देता कि भूसा बेचने जा रहे हैं, लेकिन खरीदार नहीं मिलने के कारण वापस लौट रहे हैं। इस जवाब के बाद पुलिस बिना किसी गहन जांच के वाहन को जाने देती थी।असलियत का पर्दाफाश बुधवार की अहले सुबह तब हुआ, जब रामनगर थाना क्षेत्र में उत्पाद विभाग की टीम ने भूसा लदे ट्रैक्टर-ट्रॉली को रोकने का प्रयास किया। पुलिस को देखते ही चालक और उसके साथी वाहन छोड़कर फरार हो गएइसके बाद टीम ने भूसे की बारीकी से तलाशी ली तो उसके अंदर छिपाकर रखी गई 456 लीटर बीयर बरामद हुई। बरामद शराब और ट्रैक्टर-ट्रॉली को जब्त कर उत्पाद थाना लाया गया।कार्रवाई के बाद जिला पुलिस महकमे में भी इस मामले की चर्चा होती रही। कई अधिकारियों और जवानों ने स्वीकार किया कि यह भूसा लदा ट्रैक्टर-ट्रॉली रोजाना किसी न किसी सड़क पर दिखाई देता था, लेकिन किसी ने यह नहीं सोचा कि भूसे की आड़ में शराब की तस्करी की जा रही है।अब उत्पाद विभाग फरार तस्करों की पहचान और उनके नेटवर्क का पता लगाने में जुट गया है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि शराब की खेप कहां से लाई जा रही थी और किन स्थानों तक इसकी आपूर्ति की जाती थी।

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